Amazon-Flipkart: अमेजन और फ्ल्पिकार्ट पर कसा शिकंजा, पाकिस्तानी झंडे बेचने पर केंद्र सरकार सख्त, CCPA ने भेजा नोटिस
Amazon-Flipkart: नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने देश की संप्रभुता और राष्ट्रीय प्रतीकों के अपमान को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए प्रमुख ई-कॉमर्स कंपनियों Amazon India और Flipkart सहित कई अन्य ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स को नोटिस जारी किया है। यह कार्रवाई पाकिस्तानी झंडे और उससे जुड़े प्रतीकों वाले उत्पादों की बिक्री को लेकर की गई है। केंद्रीय उपभोक्ता मामलों के मंत्री प्रह्लाद जोशी ने स्वयं इसकी जानकारी दी है।
प्रह्लाद जोशी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट कर बताया कि Central Consumer Protection Authority (CCPA) ने अमेजन, फ्लिपकार्ट, यूबाय इंडिया, एटसी, द फ्लैग कंपनी और द फ्लैग कॉर्पोरेशन को नोटिस जारी किए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस प्रकार की असंवेदनशीलता किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी।

Amazon-Flipkart: तत्काल प्रभाव से आपत्तिजनक सामग्री हटाने के निर्देश
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सभी कंपनियों को तत्काल प्रभाव से ऐसे सभी उत्पादों को अपने प्लेटफॉर्म से हटाने और भारतीय कानूनों का पूरी तरह से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि जो भी ई-कॉमर्स कंपनियां भारत में व्यापार कर रही हैं, उन्हें देश के कानूनों का सख्ती से पालन करना होगा।
Amazon-Flipkart: राष्ट्रीय प्रतीकों के अपमान पर जीरो टॉलरेंस की नीति
सरकार ने यह कदम यह सुनिश्चित करने के लिए उठाया है कि राष्ट्रीय प्रतीकों का अपमान न हो और देश की संप्रभुता का सम्मान कायम रखा जाए। इससे पहले भी सीसीपीए ने अमेजन, फ्लिपकार्ट, मीशो और ओएलएक्स जैसे प्लेटफॉर्म्स को 13 नोटिस जारी किए थे।

Amazon-Flipkart: वॉकी-टॉकी जैसे उपकरणों की अनियमित बिक्री भी निशाने पर
उपभोक्ता मंत्रालय के अनुसार, इन ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर बिना उचित डिस्क्लोजर, लाइसेंस या ETA (Equipment Type Approval) के वॉकी-टॉकी जैसे वायरलेस डिवाइस बेचे जा रहे हैं। शुरुआती जांच में अमेजन पर 467, फ्लिपकार्ट पर 314, मीशो पर 489 और ट्रेडइंडिया पर 423 लिस्टिंग्स पाई गईं जो कानून और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करती हैं।
Amazon-Flipkart: राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा और उपभोक्ता अधिकारों का उल्लंघन
प्रह्लाद जोशी ने कहा था कि गैर-अनुमोदित वायरलेस उपकरणों की बिक्री न सिर्फ कानून के खिलाफ है, बल्कि यह राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा भी उत्पन्न करती है। सरकार उपभोक्ता अधिकारों की रक्षा और अवैध व्यापार गतिविधियों को रोकने के लिए प्रतिबद्ध है।

