Supreme Court: मुंबई: सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को 27,000 करोड़ रुपये के बैंक घोटाले से जुड़े धन शोधन मामले में एमटेक समूह के पूर्व चेयरपर्सन अरविंद धाम को बड़ी राहत देते हुए जमानत मंजूर कर ली। शीर्ष अदालत ने इस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट के उस आदेश को रद्द कर दिया, जिसमें धाम की जमानत याचिका खारिज कर दी गई थी। यह फैसला न्यायमूर्ति संजय कुमार और न्यायमूर्ति आलोक अराधे की पीठ ने सुनाया।
Supreme Court: अदालत ने कहा कि इस प्रकरण में आरोपी की अपील स्वीकार की जाती है और उसे उपयुक्त शर्तों के साथ जमानत दी जाती है। इससे पहले दिल्ली हाईकोर्ट ने अगस्त 2024 में जमानत से इनकार करते हुए कहा था कि इस स्तर पर रिहाई से जांच और जवाबदेही तय करने की प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है। हाईकोर्ट ने यह भी माना था कि मनी लॉन्ड्रिंग जैसे आर्थिक अपराध देश की वित्तीय व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती बन चुके हैं और ऐसे मामलों की जांच जटिल व लंबी होती है।
Supreme Court: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) इस मामले में पहले ही एमटेक समूह की 550 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्तियों को कुर्क कर चुका है। एजेंसी ने सितंबर 2024 में 5,115 करोड़ रुपये से ज्यादा की संपत्तियां अटैच की थीं, जिनमें राजस्थान और पंजाब में 145 एकड़ जमीन, दिल्ली-एनसीआर में महंगी अचल संपत्तियां और बैंक जमा शामिल हैं।
Supreme Court: ईडी की जांच सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर फरवरी 2024 में शुरू हुई थी। एजेंसी का आरोप है कि एमटेक समूह ने वित्तीय दस्तावेजों में हेरफेर कर फर्जी ऋण और संपत्तियां दिखाईं, जिससे बैंकों को भारी नुकसान हुआ।
