CG News : दुर्ग। शुक्रवार की रात दुर्ग रेलवे स्टेशन पर उस वक्त हड़कंप मच गया जब जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त टीम ने एक बांग्लादेशी नागरिक को कुर्ला-शालीमार एक्सप्रेस ट्रेन से गिरफ्तार किया। आरोपी की पहचान आजमीर आलम के रूप में हुई है, जो मुंबई पुलिस की गिरफ्त से भागकर हावड़ा की ओर फरार हो रहा था।
CG News : जानकारी के मुताबिक, आजमीर आलम करीब 11 महीने पहले बांग्लादेश से अवैध रूप से भारत में घुसा था। उसने एक दलाल को 5,000 रुपये देकर बूमरा बॉर्डर से देश में एंट्री की थी। इसके बाद वह सिलीगुड़ी से होते हुए हावड़ा और फिर मुंबई पहुंचा, जहां एक शाकिब नामक व्यक्ति के साथ पंडाल निर्माण का काम करने लगा। कुछ समय बाद उसकी असलियत सामने आने पर मालिक ने पुलिस को सूचना दी।
CG News : भारत में रहने के वैध दस्तावेज (पासपोर्ट, वीजा, पहचान पत्र) न होने के कारण मुंबई पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। लगभग एक साल तक जेल में रहने के बाद, जब पुलिस उसे पूछताछ के लिए चौकी में लाई, तभी वह चकमा देकर फरार हो गया। सूत्रों के अनुसार, फरार होने के बाद आजमीर आलम ने कुर्ला-शालीमार एक्सप्रेस से हावड़ा की ओर जाने की योजना बनाई।
CG News : मुंबई पुलिस के सूचना तंत्र से यह खबर दुर्ग जीआरपी तक पहुंची। ट्रेन के दुर्ग स्टेशन पर पहुंचते ही जीआरपी और आरपीएफ की टीम ने अलर्ट होकर सभी बोगियों की तलाशी शुरू की और अंततः एस-वन कोच में आरोपी को पकड़ लिया गया। दुर्ग जीआरपी चौकी प्रभारी राजेंद्र सिंह ने बताया कि आरोपी ने जनरल टिकट खरीदकर यात्रा शुरू की थी, लेकिन बाद में टीटी से बात कर स्लीपर कोच में सीट बदल ली थी।
CG News : उसके पास कोई भी वैध दस्तावेज नहीं मिला। घटना की सूचना मिलते ही मुंबई पुलिस की टीम शनिवार को फ्लाइट से दुर्ग पहुंची, और आरोपी को हिरासत में लेकर शालीमार-कुर्ला एक्सप्रेस से मुंबई रवाना हो गई। बताया जा रहा है कि आरोपी के खिलाफ मुंबई में पहले से कई धाराओं में एफआईआर दर्ज है, और अब दुर्ग जीआरपी ने भी सुरक्षा एजेंसियों को रिपोर्ट भेजी है।

