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CG Crime : फर्जी सर्पदंश केस का पर्दाफाश, डॉक्टर-वकील समेत 5 आरोपी गिरफ्तार

CG Crime : फर्जी सर्पदंश केस का पर्दाफाश, डॉक्टर-वकील समेत 5 आरोपी गिरफ्तार
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CG Crime : फर्जी सर्पदंश केस का पर्दाफाश, डॉक्टर-वकील समेत 5 आरोपी गिरफ्तार

CG Crime : बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिल्हा क्षेत्र से एक चौंकाने वाली जालसाजी का खुलासा हुआ है, जहां सर्पदंश के नाम पर ₹3 लाख के मुआवजे को हड़पने की साजिश रची गई। इस मामले में वकील कामता प्रसाद साहू को मुख्य साजिशकर्ता बताया गया है, जबकि डॉ. प्रियंका सोनी पर फर्जी पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट तैयार करने का आरोप लगा है। पुलिस ने मृतक के परिजनों सहित कुल पांच लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है, जिनमें आईपीसी की धारा 420, 511 और 120बी के तहत अपराध दर्ज किया गया है।

CG Crime : क्या है पूरा मामला

यह मामला 12 नवंबर 2023 का है। बिल्हा क्षेत्र के पोड़ी गांव निवासी शिवकुमार घृतलहरे को उल्टी और मुंह से झाग आने की शिकायत पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान 14 नवंबर को उनकी मौत हो गई। परिजनों ने दावा किया कि शिवकुमार की मौत सांप के काटने से हुई है, जिसके आधार पर पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सर्पदंश को मौत का कारण बताया गया और मुआवजे की मांग की गई।

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CG Crime : एसएसपी की जांच में हुआ खुलासा

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देश पर मामले की जब गहराई से जांच शुरू हुई, तो कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। इलाज कर रहे डॉक्टर ने स्पष्ट किया कि शिवकुमार की मौत शराब और जहरीले पदार्थ के सेवन से हुई थी। शव की जांच करने वाले अधिकारी को सर्पदंश का कोई निशान नहीं मिला।

आगे की जांच में पता चला कि वकील कामता प्रसाद साहू ने मृतक के परिजनों को झूठा बयान देने के लिए उकसाया और डॉक्टर प्रियंका सोनी की मदद से फर्जी पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट तैयार करवाई। इसके बाद मृतक के पिता परागदास घृतलहरे, पत्नी नीता घृतलहरे, और भाई हेमंत घृतलहरे को भी साजिश में शामिल पाया गया।

CG Crime : आंकड़ों ने खोली पोल

इस मामले की गंभीरता उस वक्त और बढ़ गई जब छत्तीसगढ़ विधानसभा में सर्पदंश से मौतों का मुद्दा उठा। आंकड़ों के अनुसार, जहां जशपुर जिले में तीन साल में 96 मौतें सर्पदंश से दर्ज हुईं, वहीं बिलासपुर जिले में यह आंकड़ा 431 तक पहुंच गया। इस असमानता ने इन मामलों में संभावित गड़बड़ी और मुआवजा ठगी की आशंका को जन्म दिया, जिसके चलते पुलिस ने सर्पदंश के मामलों की विशेष जांच शुरू की।


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