Assam
Assam: गुवाहाटी। असम पुलिस ने सोशल मीडिया पर देशविरोधी और हिंदूविरोधी टिप्पणियों को लेकर अब तक 97 लोगों को गिरफ्तार किया है। सोमवार को राज्य के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने यह जानकारी दी और स्पष्ट किया कि इस तरह की राष्ट्रविरोधी गतिविधियों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हाल ही में तिनसुकिया और नगांव जिलों से दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
Assam: सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट बना गिरफ्तारी की वजह
तिनसुकिया से गिरफ्तार व्यक्ति पर हिंदू धर्म के खिलाफ आपत्तिजनक सामग्री पोस्ट करने का आरोप है, जबकि नगांव के आरोपी ने भगवान श्रीराम के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की थी। इन पोस्टों के स्क्रीनशॉट सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। मुख्यमंत्री शर्मा ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर लिखा “अब तक 97 राष्ट्रविरोधी और हिंदूविरोधी अपराधी सलाखों के पीछे पहुंच चुके हैं। असम में इस तरह की मानसिकता के लिए कोई जगह नहीं है।”
Assam: पहलगाम आतंकी हमले के बाद तेज हुआ एक्शन
गौरतलब है कि 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की जान गई थी, जिनमें अधिकतर पर्यटक थे। इस हमले के बाद देशभर में आक्रोश फैल गया था। हमले के बाद हुई जवाबी कार्रवाई में भारत ने 9 आतंकी ठिकानों को तबाह किया और करीब 100 आतंकियों को मार गिराया। इसी दौरान सोशल मीडिया पर कुछ व्यक्तियों द्वारा ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ जैसे नारे लगाए गए और राष्ट्रविरोधी कंटेंट साझा किया गया, जिसके बाद असम पुलिस ने सख्त रवैया अपनाते हुए ऐसे मामलों पर ताबड़तोड़ एक्शन शुरू किया।
Assam: विपक्षी विधायक भी आए घेरे में
इस मामले में AIUDF विधायक अमीनुल इस्लाम को भी गिरफ्तार किया गया था। उन पर आरोप है कि उन्होंने पहलगाम हमले के लिए पाकिस्तान का बचाव करने वाला बयान दिया था। बाद में उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत दोबारा हिरासत में लिया गया।
Assam: सीएम हिमंत का कड़ा संदेश: “टांगें तोड़ देंगे”
मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने 2 मई को एक जनसभा में स्पष्ट शब्दों में कहा था: “जो ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ के नारे लगाएगा, उसकी टांगे तोड़ दी जाएंगी।” उन्होंने जनता से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय सेना को समर्थन देने और आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की अपील की थी।

