रायपुर। CG News: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बुधवार को नवा रायपुर के मंत्रालय महानदी भवन में गृह विभाग के कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने भारत सरकार द्वारा लागू किए गए नए आपराधिक कानून, भारतीय न्याय संहिता (BNS), को प्रभावी ढंग से लागू करने को सबसे बड़ी प्राथमिकता बताया। उन्होंने कहा कि ये कानून न सिर्फ न्याय व्यवस्था को बेहतर बनाएंगे, बल्कि अपराधियों में डर पैदा करने और आम लोगों में भरोसा बढ़ाने में भी मदद करेंगे।
पुलिस बल के लिए व्यावहारिक प्रशिक्षण जरूरी
CG News: मुख्यमंत्री साय ने जोर देकर कहा कि इन कानूनों को ठीक से समझने और व्यावहारिक प्रशिक्षण देने के लिए पुलिस बल, अभियोजन अधिकारियों और संबंधित कर्मचारियों को तैयार करना जरूरी है। इसके लिए उन्होंने सभी जिलों में चरणबद्ध तरीके से कार्यशालाओं और सेमिनारों के आयोजन का निर्देश दिया, जिसमें केस स्टडी और मॉक ट्रायल के जरिए प्रशिक्षण पर जोर दिया जाए।
CG News: बैठक में मुख्यमंत्री ने अपराध जांच प्रणाली को और प्रभावी, वैज्ञानिक और विश्वसनीय बनाने पर विशेष ध्यान देने की बात कही। उन्होंने कहा कि आपराधिक मामलों में सिर्फ गिरफ्तारी काफी नहीं है, बल्कि सटीक और मजबूत सबूतों के आधार पर जांच पूरी की जानी चाहिए ताकि दोषियों को सजा सुनिश्चित हो सके।
CG News: उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जांच अधिकारियों को आधुनिक तकनीकों, डिजिटल फॉरेंसिक, सीसीटीएनएस सिस्टम और वैज्ञानिक उपकरणों के इस्तेमाल में कुशल बनाया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि पीड़ितों को समय पर न्याय दिलाना राज्य सरकार का मुख्य लक्ष्य है, इसके लिए जांच प्रक्रिया में पारदर्शिता, तेजी और तकनीकी कौशल बहुत जरूरी है। साइबर अपराधों की बढ़ती समस्या को देखते हुए उन्होंने साइबर सेल को तकनीकी रूप से मजबूत करने और लोगों में साइबर जागरूकता फैलाने के लिए अभियान चलाने के भी निर्देश दिए।
CG News: इस मौके पर उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, मुख्य सचिव अमिताभ जैन, अपर मुख्य सचिव मनोज पिंगुआ, पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, सचिव राहुल भगत सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

