IndiGo: नई दिल्ली: इंडिगो एयरलाइंस में जारी परिचालन संकट लगातार गहराता जा रहा है। हालात सामान्य करने की कोशिशों के बावजूद रविवार को दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े हवाई अड्डों पर 220 से अधिक उड़ानें रद्द हुईं। बीते छह दिनों में करीब 3,000 उड़ानें रद्द होने से देशभर में हवाई यातायात गंभीर रूप से प्रभावित हुआ है और लाखों यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा है।
IndiGo: रविवार को मुंबई एयरपोर्ट पर 112 और दिल्ली में 109 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। इससे पहले शुक्रवार को लगभग 1,600 उड़ानें रद्द हुई थीं, जबकि शनिवार को संख्या घटकर करीब 800 पर आ गई। संकट की गंभीरता को देखते हुए डीजीसीए ने इंडिगो के सीईओ पीटर एल्बर्स और सीओओ व अकाउंटेबल मैनेजर पोर्केरास को नोटिस जारी कर 24 घंटे में जवाब मांगा है।
IndiGo: सरकार का निर्देश रात 8 बजे तक रिफंड करें
इंडिगो में लगातार पांच दिनों से चल रहे इस संकट पर अब नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने भी सख्त रुख अपनाया है। मंत्रालय ने एयरलाइन को निर्देश दिया है कि सभी प्रभावित यात्रियों के लंबित रिफंड तुरंत क्लियर किए जाएं। आदेश के अनुसार, सभी कैंसिल्ड और देर से उड़ने वाली फ्लाइट्स के रिफंड 7 दिसंबर 2025, रविवार रात 8 बजे तक प्रोसेस हो जाने चाहिए।
IndiGo: मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया है कि यात्रियों से किसी भी प्रकार का रीशेड्यूलिंग चार्ज नहीं लिया जाएगा। साथ ही चेतावनी दी गई है कि रिफंड में देरी या नियमों के उल्लंघन पर एयरलाइन के खिलाफ तुरंत रेगुलेटरी कार्रवाई शुरू की जाएगी। इंडिगो एयरलाइन की लगातार बाधित सेवाओं ने यात्रियों की निराशा बढ़ा दी है और अब सभी की नजरें कंपनी के सुधारात्मक कदमों और सरकार की आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं।
