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Uttarakhand News: मां नंदा देवी राजजात यात्रा को भव्य बनाने की तैयारी शुरू, सीएम धामी ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

Dev Verma
Uttarakhand News
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Uttarakhand News: देहरादून। उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक परंपरा की प्रतीक मां नंदा देवी राजजात यात्रा के वर्ष 2026 में प्रस्तावित आयोजन को लेकर तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। इसी सिलसिले में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से उनके शासकीय आवास पर नंदा देवी राजजात समिति के अध्यक्ष डॉ. राकेश कुंवर के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार भेंट की। बैठक में यात्रा की तैयारियों और उसके सुचारू संचालन को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।

यात्रा की सफलता
मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि यात्रा का आयोजन न केवल सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो, बल्कि यह उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान को भी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच पर स्थापित करे। उन्होंने कहा कि शासन स्तर पर वरिष्ठ अधिकारियों को समेकित कार्ययोजना तैयार करने को कहा गया है, जिससे सभी आवश्यक तैयारियां वर्ष 2025 के अंत तक पूरी हो सकें।

सांस्कृतिक विरासत
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यह यात्रा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि उत्तराखंड की लोक संस्कृति, लोक आस्था और सामाजिक समर्पण का प्रतीक है। उन्होंने निर्देश दिए कि आयोजन में अधिक से अधिक स्थानीय लोक कलाकारों, ग्राम पंचायतों और स्वयंसेवी संस्थाओं को जोड़ा जाए, ताकि जनसहभागिता के माध्यम से यह आयोजन जनआंदोलन का रूप ले सके।

विभागीय समन्वय
मुख्यमंत्री ने सभी संबंधित विभागों को परस्पर समन्वय के साथ कार्य करने को कहा है। उन्होंने कहा कि यात्रा मार्ग की अवस्थापना सुविधाएं, सुरक्षा प्रबंध, स्वास्थ्य सेवाएं, जल आपूर्ति, स्वच्छता एवं परिवहन जैसी मूलभूत व्यवस्थाओं को समय रहते सुनिश्चित किया जाए।

उत्साह और प्रतिबद्धता
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि यात्रा को पर्यावरणीय दृष्टिकोण से भी संतुलित रखा जाएगा और स्थानीय पारंपरिक व्यवस्थाओं का सम्मान करते हुए आधुनिक सुविधाओं का समावेश किया जाएगा। प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को यात्रा से जुड़े स्थानीय जनभावनाओं से भी अवगत कराया और सरकार की सक्रिय भागीदारी की सराहना की।

नंदा देवी राजजात यात्रा, जिसे ‘हिमालय की कुंभ यात्रा’ भी कहा जाता है, हर 12 साल में आयोजित की जाती है और इसमें हजारों श्रद्धालु कठिन पर्वतीय मार्गों पर मां नंदा देवी की पालकी के साथ शामिल होते हैं। मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में इस यात्रा को ऐतिहासिक और भव्य स्वरूप देने की दिशा में प्रदेश सरकार प्रतिबद्ध नजर आ रही है।


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