Raipur Robbery Case: Police achieve major breakthrough in ₹10 lakh heist; two arrested, including the mastermind, while three remain at large.
Raipur Robbery Case : रायपुर। डंगनिया बाजार में सुपरवाइजर से दिनदहाड़े 10.26 लाख रुपये की लूट के सनसनीखेज मामले का रायपुर पुलिस ने खुलासा कर दिया है। लगातार 72 घंटे तक चले इंटरस्टेट ऑपरेशन, तकनीकी विश्लेषण और हजारों सीसीटीवी फुटेज की जांच के बाद पुलिस ने गिरोह के मास्टरमाइंड समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक, इस कार्रवाई को पुलिस आयुक्त डॉ. संजीच शुक्ला के निर्देशन और वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट तथा डीडी नगर थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने अंजाम दिया।
Raipur Robbery Case : डेढ़ महीने तक की रेकी, फिर दिया वारदात को अंजाम-
जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी गौरव तिवारी ने अपने चार साथियों के साथ मिलकर करीब डेढ़ महीने पहले ही लूट की योजना बना ली थी। आरोपी पहले बालाजी कंपनी में भुगतान संबंधी कार्यों के लिए आता-जाता था और उसे जानकारी थी कि अग्रसेन चौक स्थित कॉर्पाेरेट कार्यालय से निकलने वाले कई लोगों के बैग में लाखों रुपये की नकदी रहती है। आरोपियों ने लंबे समय तक कार्यालय के आसपास रेकी की और मौके की तलाश करते रहे। 6 जून 2026 को जब कंपनी का सुपरवाइजर नकदी से भरा बैग लेकर निकला, तब आरोपियों ने दो अलग-अलग दोपहिया वाहनों से उसका पीछा किया और डंगनिया बाजार पहुंचने पर वारदात को अंजाम दे दिया।

Raipur Robbery Case : 10.26 लाख रुपये लूटकर हुए थे फरार-
पीड़ित सुपरवाइजर श्रवण साहू बालाजी रोलिंग मिल के कार्यालय से 10,26,500 रुपये लेकर ग्राहक के पास पहुंचा था। जैसे ही वह कार से बैग निकालने लगा, तीन नकाबपोश बदमाशों ने उसे धक्का देकर नकदी से भरा बैग लूट लिया और फरार हो गए।
Raipur Robbery Case : यूपी से दबोचा गया दूसरा आरोपी-
तकनीकी जांच और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने पहले मुख्य आरोपी गौरव तिवारी को हिरासत में लिया। उसकी निशानदेही पर दूसरे आरोपी आशीष पांडे उर्फ गोलू को उत्तर प्रदेश के भदोही से गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने दोनों आरोपियों के कब्जे से 7 लाख रुपये नकद और घटना में इस्तेमाल की गई एक्टिवा वाहन बरामद की है। जब्त सामग्री की कुल कीमत करीब 7.50 लाख रुपये बताई जा रही है।
Raipur Robbery Case : पढ़ा-लिखा मास्टरमाइंड, पहले भी जा चुका है जेल-
पुलिस के अनुसार, आरोपी गौरव तिवारी ने एमबीए की पढ़ाई की है और पूर्व में क्रिकेट सट्टा मामले में जेल जा चुका है। वहीं दूसरा आरोपी आशीष पाण्डेय ट्रांसपोर्ट व्यवसाय से जुड़ा हुआ है। दोनों आरोपियों के खिलाफ पहले भी आपराधिक मामले दर्ज हैं।
Raipur Robbery Case : तीन आरोपी अब भी फरार-
पुलिस ने बताया कि इस लूटकांड में कुल पांच आरोपी शामिल थे। दो आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि तीन अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें मध्य प्रदेश, बिहार, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में लगातार दबिश दे रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। मामले में थाना डीडी नगर में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 309(4) और 3(5) के तहत अपराध दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

