Operation Tiger: उद्धव ठाकरे गुट के बागी सांसद जयपुर शिफ्ट, व्हिप जारी होने के बावजूद बैठक में नहीं पहुंचे 6 सांसद, अब आगे क्या, पढ़ें पूरी खबर

Operation Tiger: उद्धव ठाकरे गुट के बागी सांसद जयपुर शिफ्ट, व्हिप जारी होने के बावजूद बैठक में नहीं पहुंचे 6 सांसद, अब आगे क्या, पढ़ें पूरी खबर
Operation Tiger: उद्धव ठाकरे गुट के बागी सांसद जयपुर शिफ्ट, व्हिप जारी होने के बावजूद बैठक में नहीं पहुंचे 6 सांसद, अब आगे क्या, पढ़ें पूरी खबर
Operation Tiger: नई दिल्ली/जयपुर। Shiv Sena UBT Crisis: महाराष्ट्र के राजनीतिक घटनाक्रम में बड़ा उलटफेर करते हुए उद्धव ठाकरे गुट (शिवसेना UBT) के छह बागी सांसदों को दिल्ली के लीला होटल से सीधे राजस्थान के जयपुर में स्थित The Leela Palace Jaipur शिफ्ट कर दिया गया है। ठाकरे गुट द्वारा संसदीय दल की बैठक में व्हिप जारी किए जाने के बावजूद, ये सभी 6 सांसद बैठक में शामिल नहीं हुए थे। शिंदे गुट ने ऐसा इसलिए किया ताकि उनका 'हृदय परिवर्तन' न हो।
Operation Tiger: बता दें कि, ठाकरे गुट की ओर से इन सांसदों से संपर्क साधने और उनकी निष्ठा बदलने के किसी भी प्रयास को रोकने के लिए शिंदे गुट द्वारा उन्हें आनन-फानन में दिल्ली से बाहर जयपुर स्थानांतरित किया गया है। सूत्रों के अनुसार, इन सभी बागी सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को एक पत्र सौंपकर शिंदे गुट की शिवसेना में विलय का फैसला किया है और संसद में अलग बैठने की व्यवस्था का अनुरोध भी किया है।
Operation Tiger: 6 सांसदों के गुट को दल-बदल कानून से मिल सकती है राहत
लोकसभा में शिवसेना (UBT) के 9 सांसद हैं। दल-बदल कानून के तहत किसी दल में टूट के बाद अयोग्यता से बचने के लिए कम से कम दो-तिहाई सांसदों का साथ होना जरूरी है। यानी अगर 9 में से 6 सांसद एक साथ अलग होने का फैसला करते हैं, तो वे खुद को वैध गुट बताने का दावा कर सकते हैं।
Operation Tiger: इसी वजह से 6 सांसदों के बगावत करने की खबर राजनीतिक और कानूनी, दोनों लिहाज से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। जानकारों के मुताबिक, सिर्फ अलग गुट बनाना ही काफी नहीं होगा। आगे चलकर इन सांसदों को किसी दूसरे दल में विलय की प्रक्रिया भी पूरी करनी पड़ सकती है, ताकि उनकी स्थिति कानूनी रूप से और मजबूत हो सके।


