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Mahakumbh 2025 : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू करेंगी त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान...

Dev Verma
Mahakumbh 2025 : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू करेंगी त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान...
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Mahakumbh 2025 : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू करेंगी त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान…

Mahakumbh 2025 : प्रयागराज। महाकुंभ 2025 के पावन अवसर पर देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु संगम नगरी में आस्था की डुबकी लगा रहे हैं। इसी कड़ी में 10 फरवरी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू प्रयागराज पहुंचेंगी और त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान करेंगी। इस दौरान वह महाकुंभ मेला का भ्रमण भी करेंगी और अक्षयवट तथा बड़े हनुमान जी के दर्शन कर आशीर्वाद लेंगी। राष्ट्रपति मुर्मू की यात्रा के बारे में जानकारी देते हुए अधिकारियों ने बताया कि वह सुबह 11 बजे प्रयागराज पहुंचेंगी और सीधे मेला क्षेत्र के लिए रवाना होंगी। इस दौरान उनकी सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं।

Mahakumbh 2025 : गुजरात के सीएम भूपेंद्र पटेल ने आज लगाई डुबकी-
राष्ट्रपति मुर्मू के आगमन से पहले गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह और राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने संगम में पवित्र स्नान किया। इसके साथ ही उन्होंने मेले के आयोजन की सराहना की और श्रद्धालुओं से आध्यात्मिक अनुभव साझा किया।

Mahakumbh 2025 : कौन-कौन आ चुके हैं संगम में?
महाकुंभ 2025 में अब तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, मणिपुर के मुख्यमंत्री, कवि कुमार विश्वास और 73 देशों के प्रतिनिधिमंडल समेत कई बड़ी हस्तियां संगम में आस्था की डुबकी लगा चुकी हैं।

Mahakumbh 2025 : क्या है महाकुंभ का महत्व?
पौराणिक कथा के अनुसार, समुद्र मंथन के दौरान अमृत कलश को लेकर देवताओं और असुरों के बीच 12 दिन तक युद्ध हुआ। इस दौरान अमृत की कुछ बूंदें धरती के चार स्थानों- प्रयागराज, हरिद्वार, उज्जैन और नासिक पर गिरीं। इन्हीं स्थानों पर कुंभ मेले का आयोजन होता है। प्रयागराज में महाकुंभ का आयोजन तब होता है जब गुरु वृषभ राशि में और सूर्य मकर राशि में होते हैं। यह मेला हिंदू धर्म में आस्था और आध्यात्म का सबसे बड़ा प्रतीक माना जाता है।


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