IPL 2025: मुंबई। इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 में बल्ले के आकार को लेकर बीसीसीआई द्वारा लागू किए गए नए नियमों ने कई खिलाड़ियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। राजस्थान रॉयल्स के रियान पराग का बल्ला दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मुकाबले में अंपायरों की "गेज टेस्ट" जांच में फेल हो गया, जिसके बाद उन्हें मजबूरी में बल्ला बदलना पड़ा। पराग ने उस मैच में 11 गेंदों में सिर्फ 8 रन बनाए।

IPL 2025: केकेआर के खिलाड़ी भी फंसे नियमों में
पंजाब किंग्स और कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के बीच खेले गए 31वें मुकाबले में भी बल्ले की सख्त जांच देखने को मिली। केकेआर के स्टार खिलाड़ी सुनील नरेन, आंद्रे रसेल और एनरिच नॉर्खिया के बल्ले गेज टेस्ट में पास नहीं हो पाए। पारी शुरू होने से पहले रिजर्व अंपायर सैय्यद खालिद ने नरेन के बल्ले की जांच की, जो तय मानकों पर खरा नहीं उतरा। इसके बाद उन्हें नया बल्ला लेना पड़ा।
हालांकि, उनके साथी खिलाड़ी अंगकृष रघुवंशी का बल्ला जांच में पास हो गया और उन्होंने 28 गेंदों में 37 रन की पारी खेली। वहीं, रसेल का बल्ला 11वें ओवर में और नॉर्खिया का 16वें ओवर में जांच के दौरान खारिज कर दिया गया, जिसके बाद सब्स्टीट्यूट रहमानउल्लाह गुरबाज को नया बल्ला लेकर आना पड़ा।

IPL 2025: बल्ले पर नया नियम क्या कहता है
बीसीसीआई के नए नियमों के अनुसार बल्ले की अधिकतम चौड़ाई 4.25 इंच, मोटाई 2.64 इंच, किनारे 1.56 इंच और लंबाई 38 इंच तय की गई है। इन नियमों के तहत अगर कोई बल्ला "गेज टेस्ट" में फेल होता है, तो खिलाड़ी को उसे तत्काल बदलना अनिवार्य है।

IPL 2025: बीसीसीआई का उद्देश्य – बैलेंस बनाए रखना
आईपीएल चेयरमैन अरुण धूमल ने बताया कि ये नियम क्रिकेट में बल्ले और गेंद के बीच संतुलन बनाए रखने और निष्पक्ष खेल को सुनिश्चित करने के लिए लागू किए गए हैं। इससे बल्लेबाजों को अतिरिक्त लाभ से रोका जा सकेगा और गेंदबाजों को भी उचित मौका मिलेगा। IPL 2025 में नियमों की सख्ती के चलते अब खिलाड़ी अपने बल्ले को लेकर अधिक सतर्कता बरतने को मजबूर हैं। देखना होगा कि आने वाले मुकाबलों में यह नया नियम क्या और असर दिखाता है।