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इंडिगो फ्लाइट: रायपुर गोवा फ्लाइट की मिसमैनेजमेंट से यात्री परेशान, क्रू मेंबर की तबीयत खराब होने से ढाई घंटे की देरी

इंडिगो फ्लाइट: रायपुर गोवा फ्लाइट की मिसमैनेजमेंट से यात्री परेशान, क्रू मेंबर की तबीयत खराब होने से ढाई घंटे की देरी
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रायपुर। इंडिगो की रायपुर गोवा फ्लाइट ने शनिवार को ढाई घंटे की देरी से उड़ान भरी, क्योंकि उड़ान से पहले एक क्रू मेंबर की तबीयत अचानक खराब हो गई। इस घटना ने एक बार फिर इंडिगो की व्यवस्थाओं और प्रबंधन की खामियों को उजागर किया है, जिससे यात्री बेहद परेशान हुए।

**यात्रियों की शिकायतें:**

राजधानी रायपुर के स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट से संचालित इंडिगो फ्लाइट्स के यात्री प्रबंधन के मिसमैनेजमेंट की वजह से आए दिन परेशान हो रहे हैं। शनिवार को हुई इस देरी ने यात्रियों की नाराजगी को और बढ़ा दिया है।

**ऑपरेशनल चुनौतियाँ:**

रायपुर से इंडिगो की 22 फ्लाइट्स ऑपरेट होती हैं, लेकिन फ्लाइट्स के लिए बैकअप में एक भी क्रू मेंबर नहीं होता। इस वजह से यदि किसी क्रू मेंबर की तबीयत खराब हो जाए, तो फ्लाइट्स में देरी होना आम बात है। यात्रियों को इसके चलते काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है।

**डीजीसीए के नियम:**

डीजीसीए के नियमानुसार, एक फ्लाइट में न्यूनतम छह क्रू मेंबर होना चाहिए। हालांकि, इंडिगो हर फ्लाइट में केवल चार क्रू मेंबर ही रखता है, और एक अतिरिक्त क्रू मेंबर भी नहीं होता। इस कारण, यदि किसी क्रू मेंबर की तबीयत खराब हो जाए, तो यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ता है। इंडिगो का मैनेजमेंट केवल पैसे बचाने के लिए यात्रियों की सुविधाओं की अनदेखी करता है, जिससे यात्रियों की परेशानी बढ़ जाती है।

**कार्रवाई की मांग:**

इंडिगो कंपनी के प्रबंधन के मिसमैनेजमेंट से परेशान यात्रियों का कहना है कि सरकार और संबंधित प्राधिकरणों को इस मुद्दे पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए और इंडिगो मैनेजमेंट के खिलाफ उचित कार्रवाई करनी चाहिए। यात्रियों की सुविधाओं को प्राथमिकता देने के लिए एयरलाइन को अपनी व्यवस्थाओं में सुधार करना चाहिए।

इस घटना ने एक बार फिर से एयरलाइन इंडस्ट्री में सुरक्षा और सेवा मानकों की समीक्षा की आवश्यकता को रेखांकित किया है, ताकि भविष्य में ऐसी परेशानियों से यात्रियों को बचाया जा सके।


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