मैं गधा हूँ बड़ा होकर गोबर बीनूंगा : कौन से सरकारी स्कूल के गुरूजी दे रहे बच्चों को ये ज्ञान, जरूर जानें

बालोद। मैं गधा हूँ बड़ा होकर गोबर बीनूंगा , ये हम नहीं छत्तीसगढ़ के बालोद जिले के गुरुर ब्लॉक के जगतरा सरकारी शाला के गुरूजी बच्चों से कॉपी में लिखवा रहे हैं। यही नहीं इसकी जांच कर बाकायदा सुर्ख सियाही से उन्होंने उस कॉपी पर दस्तख़त भी किये हैं।
स्कूल आ पढ़ै बर, जिनगी ला गढ़े बर का नारा देकर चारा जुगाड़ करने वाले ये गुरूजी राज्य के बच्चों को ऐसी अनाप - शनाप शिक्षा क्यों दे रहे हैं ? इसपर कोई भी जवाब देने को तैयार नहीं है।

मैं गधा हूँ बड़ा होकर गोबर बीनूंगा : शिक्षा का स्तर और कितना गिराएंगे सर
छत्तीसगढ़ की प्राथमिक से लेकर माध्यमिक शालाओं में शराबी शिक्षकों का आना -जाना और बच्चों को पढ़ाना तो आपने खूब सुना होगा। नशे में टुन्न होकर लड़खड़ाते हुए मास्टर साहब का वीडियो भी कई बार वॉयरल हो चुका है। ऐसे तमाम शिक्षक सस्पेंड भी हो चुके हैं, मगर अब जो हम आपको बताएँगे आप जान कर हिल जाएंगे। प्रदेश के ही बालोद जिले के एक स्कूल में बच्चों को मैं गधा हूं। मैं बड़ा होकर गोबर इकठ्ठा करूंगा और मैं छेड़ यानि बकरी भी चराने जाऊंगा। मैं बड़ा होकर गधा बनाना चाहता हूँ। जैसे वाक्य लिखवाए जा रहे हैं। हैरत की बात तो ये हैं कि बच्चे की कॉपी में सुर्ख सियाही से सही का निशान लगा कर गुरूजी ने दस्तखत भी किये हैं।
कलेक्टर पर थोपकर सन्न हो गए सीएम साय
पत्रकारों ने प्रदेश में गिरते शिक्षा के स्तर को लेकर जब सवाल किया तो उन्होंने इसकी जवाबदेही कलेक्टर पर थोपकर किनारा कर लिया। सवाल तो ये है कि कोई भी गरीब अपने बच्चों को सरकारी शालाओं में क्यों भेजता है ? मोटी -मोटी तनख्वाह लेने वाले मास्टर साहब की नौकरी इन्हीं गरीबों के बच्चो की वजह से चलती है। अगर ये सरकारी शिक्षक ऐसी शिक्षा किसी के बच्चों को देंगे तो भला कौन होगा जो अपने बच्चों को सरकारी शालाओं में भेजेगा ? इस बारे में आपकी क्या राय है एशियन न्यूज़ भारत के साथ जरूर शेयर करें। हमारी टीम को आपके जवाब का इंतज़ार रहेगा।


