Ganga Expressway
Ganga Expressway: नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश सरकार ने गंगा एक्सप्रेसवे को लेकर आम जनता को बड़ी राहत दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की है कि इस एक्सप्रेसवे पर शुरुआती 15 दिनों तक किसी भी प्रकार का टोल नहीं लिया जाएगा। इसका उद्देश्य लोगों को नए हाई-स्पीड मार्ग का अनुभव कराना है। इस संबंध में उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी ने संबंधित कंपनियों को निर्देश भी जारी कर दिए हैं।
करीब 594 किलोमीटर लंबा यह 6-लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे मेरठ से प्रयागराज को जोड़ता है, जिससे यात्रा का समय 10–12 घंटे से घटकर लगभग 6–7 घंटे रह गया है। एक्सप्रेसवे पर अधिकतम गति सीमा 120 किमी/घंटा तय की गई है और यह 12 जिलों से होकर गुजरता है।
यह परियोजना पीपीपी मॉडल (DBFOT) के तहत विकसित की गई है, जिसमें कन्सेशनायर को 27 वर्षों तक टोल वसूलने का अधिकार होगा। हालांकि, शुरुआती 15 दिनों की टोल छूट की भरपाई राज्य सरकार करेगी।
फ्री अवधि के बाद मेरठ से प्रयागराज तक कार से यात्रा पर लगभग ₹1800 टोल देना होगा। यह टोल FASTag सिस्टम के जरिए दूरी के अनुसार स्वतः कटेगा। यह एक्सप्रेसवे प्रदेश के आर्थिक विकास को भी नई रफ्तार देगा।

