Top
Begin typing your search above and press enter to search.
ब्रेकिंग न्यूज़

यूक्रेन का रूस पर बड़ा ड्रोन हमला, 1,015 ड्रोन मार गिराने का दावा; तेल टर्मिनल में लगी आग

ट्रंप की अपील के बाद भी जारी हमले

यूक्रेन का रूस पर बड़ा ड्रोन हमला, 1,015 ड्रोन मार गिराने का दावा; तेल टर्मिनल में लगी आग
X

नई दिल्ली: रूस-यूक्रेन युद्ध में एक बार फिर ऊर्जा ठिकाने निशाने पर हैं। यूक्रेन ने शनिवार रात रूस के कई इलाकों में बड़े पैमाने पर ड्रोन हमले किए। रूसी अधिकारियों के मुताबिक, सेंट पीटर्सबर्ग के तेल टर्मिनल और रुची तेल डिपो में आग लग गई। हमलों में एक व्यक्ति की मौत हुई, जबकि पांच लोग घायल हुए। रूस ने 1,015 यूक्रेनी ड्रोन नष्ट करने का दावा किया है।

तेल ठिकानों और कंपनियों के केंद्र पर हमला

रूसी अधिकारियों के अनुसार, हमलों में सेंट पीटर्सबर्ग के तेल निर्यात टर्मिनल और रुची तेल डिपो को निशाना बनाया गया। इसके अलावा ओजोन के लॉजिस्टिक्स सेंटर और वीके के डेटा सेंटर पर भी हमला हुआ। दोनों कंपनियों ने अपने ठिकानों पर हमले की पुष्टि की। तेल टर्मिनल में आग लगने से नुकसान हुआ।

ट्रंप की अपील के बाद भी जारी हमले

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 11 अक्टूबर को कहा था कि रूस और यूक्रेन ऊर्जा ठिकानों पर हमले रोकने के लिए सहमत हुए हैं। हालांकि, दोनों देशों ने ऐसे किसी समझौते की पुष्टि नहीं की। ट्रंप ने यूक्रेन के रूसी तेल ठिकानों पर हमलों की आलोचना भी की थी।

जेलेंस्की बोले- रूस ने 76 बार किए हमले

यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने रविवार को सोशल मीडिया मंच एक्स पर कहा कि ट्रंप की घोषणा के बाद रूस ने यूक्रेन के ऊर्जा, तेल और गैस क्षेत्रों पर 76 बार हमले किए। उन्होंने अमेरिका से रूस पर दबाव बढ़ाने की अपील की। जेलेंस्की के मुताबिक, रूस समझौतों और प्रतिबंधों में राहत के बदले कोई जवाबी कदम नहीं उठा रहा है।

जापोरिज्जिया में रूसी हमले, महिला की मौत

यूक्रेनी अधिकारियों के मुताबिक, रूस ने दक्षिणी शहर जापोरिज्जिया पर भी हमले किए। इनमें एक महिला की मौत हुई और कम से कम दो लोग घायल हुए। घायलों में छह साल की बच्ची भी शामिल है। हमले में दो अपार्टमेंट इमारतों, 18 कारों और एक शैक्षणिक संस्थान को नुकसान पहुंचा।

रूस पर प्रतिबंधों में राहत को लेकर सवाल

रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप प्रशासन ने रूसी डीजल आयात पर लगे प्रतिबंधों में छूट दी है। इस फैसले की अमेरिका में भी आलोचना हुई। यूक्रेन का कहना है कि रूस को आर्थिक राहत मिलने के बावजूद हमले नहीं रुक रहे। जेलेंस्की ने कहा कि शांति की संभावना बढ़ाने के लिए रूस पर दबाव डालना जरूरी है।


Next Story
All Rights Reserved. Copyright @2019