Census 2027: लद्दाख और जम्मू-कश्मीर समेत इन राज्यों में आज से शुरू हुई स्व-गणना, 31 अगस्त तक ऑनलाइन भर सकेंगे जानकारी
जनगणना कर्मचारी घर-घर जाकर जानकारी...

Census 2027: नई दिल्ली: जनगणना 2027 के तहत लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के बर्फबारी प्रभावित इलाकों में 17 अगस्त से स्व-गणना शुरू होगी। इन क्षेत्रों में रहने वाले लोग 31 अगस्त तक ऑनलाइन अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे। इसके बाद 1 से 30 सितंबर तक जनगणना कर्मचारी घर-घर जाकर जानकारी जुटाएंगे। इन इलाकों में सर्दी और बर्फबारी से पहले जनगणना पूरी करने की तैयारी है।
जियोफेंसिंग से होगी स्व-गणना
लद्दाख और जम्मू-कश्मीर के अधिसूचित बर्फबारी प्रभावित क्षेत्रों में स्व-गणना जियोफेंसिंग आधारित होगी। लोग सरकारी पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर जानकारी भर सकेंगे। ऑनलाइन प्रक्रिया पूरी होने के बाद एक आईडी मिलेगी, जिसे कर्मचारी के घर आने पर दिखाना होगा। अधिकारियों के मुताबिक इस बार जनगणना में डिजिटल तकनीक का बड़े स्तर पर इस्तेमाल किया जा रहा है।
पहली बार जाति से जुड़ा सवाल
जनगणना में इस बार कुल 40 सवाल पूछे जाएंगे। इनमें पहली बार जाति से जुड़ी जानकारी भी शामिल होगी। इसके अलावा माता-पिता, आधार, पासपोर्ट, वोटर आईडी, ड्राइविंग लाइसेंस, मोबाइल नंबर और स्थायी पते से संबंधित सवाल पूछे जाएंगे। लोगों द्वारा बताई गई जाति ही दर्ज की जाएगी।
दूर-दराज इलाकों में पहुंचेंगे कर्मचारी
लद्दाख में करीब 637 एन्यूमरेशन ब्लॉक बनाए गए हैं। जम्मू-कश्मीर के 16 जिलों में करीब 88 लाख और लद्दाख के सात जिलों में करीब 2.74 लाख लोगों की गणना की जाएगी। कई गांव बेहद ऊंचाई और दुर्गम इलाकों में हैं। इसके बावजूद कर्मचारी हर परिवार तक पहुंचेंगे।
हिमाचल-उत्तराखंड में भी तैयारी
हिमाचल के करीब 6,903 बर्फीले गांवों और क्षेत्रों में पहले गणना होगी। उत्तराखंड के चार जिलों के 131 गांव और तीन कस्बे भी इसमें शामिल हैं। देश के बाकी हिस्सों में जनगणना का मुख्य चरण फरवरी 2027 में होगा।


