Top
Begin typing your search above and press enter to search.
ब्रेकिंग न्यूज़

BRICS Summit 2026 LIVE: गले मिले, फिर हाथ मिलाया... PM मोदी और पुतिन की मेगा मीटिंग शुरू, इन मुद्दों पर होगी चर्चा

BRICS Summit 2026 से पहले PM मोदी और पुतिन की अहम बैठक शुरू। S-400, Su-57 और 177S इंजन समेत कई मुद्दों पर चर्चा की संभावना।

BRICS Summit 2026 LIVE: गले मिले, फिर हाथ मिलाया... PM मोदी और पुतिन की मेगा मीटिंग शुरू, इन मुद्दों पर होगी चर्चा
X

नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में BRICS Summit 2026 से पहले भारत मंडपम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की अहम बैठक शुरू हो चुकी है। दोनों नेताओं की मुलाकात की तस्वीरें सामने आई हैं, जिसमें पीएम मोदी और पुतिन ने गर्मजोशी से एक-दूसरे का अभिवादन किया।

दोनों नेताओं की यह मुलाकात ऐसे समय हो रही है, जब भारत और रूस के बीच रक्षा सहयोग से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव चर्चा में हैं। माना जा रहा है कि बैठक के दौरान S-400 एयर डिफेंस सिस्टम, Su-57 फाइटर जेट और लड़ाकू विमान इंजन जैसे मुद्दे भी बातचीत का हिस्सा हो सकते हैं।

PM मोदी और पुतिन की मुलाकात पर टिकी नजरें

भारत और रूस के बीच दशकों पुराने रणनीतिक संबंध हैं। दोनों देशों के बीच रक्षा, ऊर्जा, व्यापार और तकनीकी सहयोग लगातार चर्चा के प्रमुख विषय रहे हैं। इस बैठक में दोनों नेता द्विपक्षीय रिश्तों की मौजूदा स्थिति की समीक्षा करने के साथ-साथ भविष्य के सहयोग पर भी चर्चा कर सकते हैं। खास नजर रक्षा क्षेत्र में संभावित समझौतों पर है।

S-400 की अतिरिक्त स्क्वाड्रन पर हो सकती है चर्चा

भारत और रूस के बीच S-400 एयर डिफेंस सिस्टम को लेकर आगे की बातचीत महत्वपूर्ण मानी जा रही है। भारत अपनी एयर डिफेंस क्षमता को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त S-400 स्क्वाड्रन की जरूरत पर विचार कर रहा है। ऐसे में पुतिन की भारत यात्रा के दौरान इस प्रस्ताव पर चर्चा होने की संभावना ने रक्षा क्षेत्र में दिलचस्पी बढ़ा दी है।

Su-57 पर भी नजर

रूस लंबे समय से भारत के सामने अपने पांचवीं पीढ़ी के Su-57 लड़ाकू विमान का विकल्प रखता रहा है। भारत अपनी वायुसेना की भविष्य की जरूरतों के लिए पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमान विकल्पों पर विचार कर रहा है। ऐसे में मोदी-पुतिन बैठक के दौरान Su-57 को लेकर बातचीत आगे बढ़ती है या नहीं, इस पर भी नजर रहेगी।

177S इंजन का प्रस्ताव भी अहम

रक्षा क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण मुद्दा रूस का Product 177S इंजन है। रिपोर्टों के अनुसार, रूस इस इंजन को Su-57 के अलावा भारतीय वायुसेना के Su-30MKI बेड़े के लिए भी संभावित विकल्प के रूप में पेश कर रहा है।

सबसे महत्वपूर्ण पहलू तकनीक हस्तांतरण से जुड़ा है। यदि भारत को इंजन के स्थानीय निर्माण के लिए पर्याप्त तकनीकी सहयोग मिलता है, तो यह देश की दीर्घकालिक एयरोस्पेस आत्मनिर्भरता के लिहाज से महत्वपूर्ण हो सकता है।

सात साल बाद भारत आएंगे शी जिनपिंग

BRICS Summit 2026 में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की भारत यात्रा भी बेहद अहम रहने वाली है। रिपोर्ट के मुताबिक, वह सात साल बाद भारत पहुंचेंगे। उनकी यात्रा के साथ भारत-चीन संबंधों को लेकर भी सम्मेलन के दौरान वैश्विक स्तर पर खास नजर रहेगी।

व्यापार से लेकर ऊर्जा तक कई मुद्दों पर मंथन

BRICS सम्मेलन में केवल द्विपक्षीय रिश्ते ही नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर के कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है। इनमें व्यापार, ऊर्जा, रक्षा, कनेक्टिविटी और वैश्विक सहयोग जैसे विषय शामिल हैं।

दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इंडोनेशिया, मलेशिया और इथियोपिया समेत कई देशों के नेता सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के भी सम्मेलन में शामिल होने की बात कही गई है।

न्यू दिल्ली डिक्लेरेशन पर रहेगी नजर

BRICS Summit के अंत में New Delhi Declaration जारी होने की उम्मीद है। इसमें सम्मेलन के दौरान सामने आए प्रमुख मुद्दों और सदस्य देशों की साझा प्राथमिकताओं का उल्लेख हो सकता है। फिलहाल सबसे ज्यादा नजर मोदी-पुतिन बैठक, भारत-रूस के संभावित रक्षा समझौतों और सम्मेलन में भारत की कूटनीतिक पहल पर बनी हुई है।


ब्रिक्स समिट के दौरान PM मोदी की द्विपक्षीय मुलाकातों का शेड्यूल

ब्रिक्‍स सम्‍मेलन 2026: ब्रिक्स समिट के दौरान PM मोदी कई देशों के प्रमुखों और प्रतिनिधिमंडल के साथ द्विपक्षीय मुलाकात करेंगे। विदेश मंत्रालय ने PM मोदी के द्विपक्षीय मुलाकातों का शेड्यूल जारी किया है:-

11 सितंबर को PM मोदी की 3 अहम मुलाकातें

दोपहर 3:30 बजे रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात जो पूरी हो चुकी है।

शाम 6:15 बजे ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन से मुलाकात

शाम 6:45 बजे संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस से मुलाकात

(तीनों मुलाकातें भारत मंडपम में होंगी)

12 सितंबर को PM मोदी की 5 द्विपक्षीय बैठकें

सुबह 10 बजे इथियोपिया के PM अबिय अहमद अली से मुलाकात

सुबह 10:30 बजे मलेशिया के PM अनवर इब्राहिम से मुलाकात

सुबह 11 बजे अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से मुलाकात

सुबह 11:30 बजे वियतनाम के PM ले मिन्ह हंग से मुलाकात

शाम 5:45 बजे चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात

(PM की सभी बैठकें भारत मंडपम/हैदराबाद हाउस में होंगी)

12 सितंबर सुबह 11:30 बजे राष्ट्रपति की ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन से मुलाकात (मुलाकात राष्ट्रपति भवन में होगी)

13 सितंबर को PM मोदी की 7 द्विपक्षीय बैठकें

दोपहर 2:30 बजे कजाकिस्तान के राष्ट्रपति कासिम-जोमार्ट तोकायेव

3 बजे फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्डिनेंड मार्कोस जूनियर

3:30 बजे मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी

4:10 बजे दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा

4:40 बजे बुरुंडी के राष्ट्रपति एवरिस्ट नदायिशिमिये

5:10 बजे नाइजीरिया के उपराष्ट्रपति काशिम शेट्टीमा

5:40 बजे युगांडा की उपराष्ट्रपति जेसिका अलुपो

(सभी बैठकें भारत मंडपम में होंगी)

खास बात: 11 से 13 सितंबर के बीच PM मोदी की 15 द्विपक्षीय बैठकें निर्धारित हैं, जिनमें रूस, ईरान, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र समेत कई महत्वपूर्ण BRICS और पार्टनर देशों के शीर्ष नेता शामिल हैं।


Next Story
All Rights Reserved. Copyright @2019