CM Bhagwant Mann
CM Bhagwant Mann: नई दिल्ली : पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा है कि आम आदमी पार्टी (AAP) के सभी सिख विधायक और मंत्री 29 जून को अमृतसर स्थित अकाल तख्त के सामने पेश होंगे। यह फैसला बेअदबी कानून को लेकर अकाल तख्त के निर्देश के बाद लिया गया है। इस मुद्दे पर अमृतसर में पार्टी विधायकों के साथ बैठक भी की गई।
लिखित में देंगे अपना पक्ष
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बताया कि सभी विधायक और मंत्री अकाल तख्त के सामने अपने विचार लिखित रूप में पेश करेंगे। वहीं गैर-सिख मंत्रियों से भी कहा गया है कि वे अपने सुझाव पहले ही लिखित रूप में जमा करें।
कानून पर जताई गई आपत्ति
अकाल तख्त और शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) ने ‘जगत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) अधिनियम, 2026’ पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि यह कानून सिख पंथ से चर्चा किए बिना बनाया गया है और इसके कुछ प्रावधान सिख समुदाय की भावनाओं के अनुरूप नहीं हैं।
कानून में क्या है प्रावधान?
यह विधेयक 13 अप्रैल 2026 को पंजाब विधानसभा में सर्वसम्मति से पारित किया गया था। कानून के तहत गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी करने पर आजीवन कारावास समेत सख्त सजा का प्रावधान किया गया है।
सीएम मान ने क्या कहा?
जब मुख्यमंत्री भगवंत मान से पूछा गया कि क्या वे भी अकाल तख्त जाएंगे, तो उन्होंने कहा कि उन्हें व्यक्तिगत रूप से तलब नहीं किया गया है। इसलिए केवल जिन विधायकों और मंत्रियों को बुलाया गया है, वही वहां उपस्थित होंगे।

