नई दिल्ली: Champions Trophy Begins : क्रिकेट के सबसे प्रतिष्ठित टूर्नामेंटों में से एक चैंपियंस ट्रॉफी आठ साल बाद फिर से वापसी कर रही है, जिससे क्रिकेट प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। इस बार टूर्नामेंट हाइब्रिड मॉडल में आयोजित किया जा रहा है, जिसमें कुछ मुकाबले पाकिस्तान में और कुछ दुबई में खेले जाएंगे।
पहली बार चैंपियंस ट्रॉफी हाइब्रिड मॉडल में खेली जा रही है, जिसमें कराची, लाहौर और रावलपिंडी जैसे पाकिस्तानी शहरों के अलावा दुबई को भी मैचों की मेजबानी का मौका दिया गया है। यह मॉडल इस टूर्नामेंट को अन्य क्रिकेट आयोजनों से अलग बनाता है और क्रिकेट जगत में इसे लेकर काफी चर्चा है।

पहला मुकाबला: पाकिस्तान बनाम न्यूजीलैंड
टूर्नामेंट की शुरुआत एक हाई-वोल्टेज मुकाबले से होगी, जहां मेजबान पाकिस्तान का सामना न्यूजीलैंड से होगा। पाकिस्तान को अपने घरेलू मैदानों पर खेलने का फायदा मिलेगा, लेकिन न्यूजीलैंड की टीम अपनी शानदार फॉर्म के चलते चुनौती पेश कर सकती है।

ट्रॉफी का दावेदार? कौन
इस टूर्नामेंट में कुल आठ टीमें भाग ले रही हैं, जिसमें भारत, इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण अफ्रीका, वेस्टइंडीज, श्रीलंका, पाकिस्तान और न्यूजीलैंड शामिल हैं। क्रिकेट पंडितों का मानना है कि इस बार का टूर्नामेंट बेहद प्रतिस्पर्धी रहेगा और कोई भी टीम जीत की प्रबल दावेदार बन सकती है।
क्या पाकिस्तान कर पाएगा?
पाकिस्तान ने 2017 की चैंपियंस ट्रॉफी में ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी और इस बार अपने घरेलू मैदान पर खेलते हुए वह उसी सफलता को दोहराने की कोशिश करेगा। हालांकि, न्यूजीलैंड हाल ही में अपनी शानदार फॉर्म के चलते पाकिस्तान को ट्राई सीरीज के फाइनल में हरा चुका है, जिससे इस मुकाबले के रोमांचक होने की पूरी संभावना है।
क्रिकेट प्रेमियों के लिए बड़ा उत्सव
आठ साल बाद वापसी कर रही चैंपियंस ट्रॉफी के प्रति क्रिकेट प्रेमियों की दीवानगी देखते ही बन रही है। यह टूर्नामेंट क्रिकेट की प्रतिष्ठा, प्रतिस्पर्धा और जुनून का प्रतीक है और इसके हर मुकाबले में जबरदस्त रोमांच देखने को मिलेगा।
अब देखना यह होगा कि क्या पाकिस्तान घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठा पाता है या न्यूजीलैंड फिर से उसे पटखनी देने में कामयाब रहता है? क्रिकेट जगत की नजरें अब इस महामुकाबले पर टिकी हैं।