Top
Begin typing your search above and press enter to search.
ब्रेकिंग न्यूज़

एशियन न्यूज़ की खास पेशकश- नमाज पर बवाल, कार्रवाई पर सवाल..... देखिये आज दोपहर 3:00 बजे

एशियन न्यूज़ की खास पेशकश- नमाज पर बवाल, कार्रवाई पर सवाल..... देखिये आज दोपहर 3:00 बजे
X

एशियन न्यूज़ की खास पेशकश- नमाज पर बवाल, कार्रवाई पर सवाल….. देखिये आज दोपहर 3:00 बजे

बिलासपुर। गुरुघासीदास विश्वविद्यालय, बिलासपुर में आयोजित राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) कैंप में एक कथित धार्मिक विवाद ने तूल पकड़ लिया है। कैंप में शामिल हिंदू छात्रों ने आरोप लगाया है कि उन्हें जबरन नमाज़ पढ़ने के लिए मजबूर किया गया। इस मामले के सामने आने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन और स्थानीय पुलिस दोनों हरकत में आ गए हैं।

छात्रों के मुताबिक, NSS कैंप में कुल 159 छात्र शामिल हुए थे, जिनमें से केवल चार छात्र मुस्लिम समुदाय से थे। छात्रों का आरोप है कि एक निर्धारित समय पर सभी छात्रों को एकत्रित कर नमाज़ अदा करने को कहा गया, जिससे हिंदू छात्रों ने असहमति जताई। इस कथित घटना के बाद कई छात्रों ने पुलिस से संपर्क कर शिकायत दर्ज कराई और मामले में उचित कार्रवाई की मांग की।

प्रशासन ने उठाया त्वरित कदम
मामले के तूल पकड़ते ही विश्वविद्यालय प्रबंधन ने NSS कैंप के कोऑर्डिनेटर को तत्काल प्रभाव से पद से हटा दिया। हालांकि, विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से अब तक कोई विस्तृत आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

हिंदू संगठनों का विरोध प्रदर्शन
घटना की जानकारी मिलने के बाद कई हिंदूवादी संगठनों ने इसका विरोध शुरू कर दिया है। उन्होंने विश्वविद्यालय परिसर के बाहर प्रदर्शन करते हुए धार्मिक गतिविधियों को शिक्षा संस्थानों से दूर रखने की मांग की। संगठनों का कहना है कि यह केवल धार्मिक स्वतंत्रता का उल्लंघन नहीं, बल्कि जबरन थोपे गए सांस्कृतिक आचरण का मामला है।

पहले भी विवादों में रहा है विश्वविद्यालय
बिलासपुर स्थित गुरुघासीदास विश्वविद्यालय इससे पहले भी धार्मिक और सांस्कृतिक मामलों को लेकर चर्चा में रह चुका है। पहले की घटनाओं में देवी-देवताओं के कथित अपमान, हनुमान मंदिर तोड़ने और प्रशासनिक भवन में नमाज़ पढ़ने जैसी बातें सामने आ चुकी हैं।

पुलिस जांच जारी
बिलासपुर पुलिस का कहना है कि शिकायत प्राप्त हो गई है और मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या वास्तव में छात्रों को किसी धार्मिक क्रिया में जबरन शामिल किया गया या नहीं।


Next Story
All Rights Reserved. Copyright @2019