रायपुर। अक्सर हम सरकारी योजनाओं के कागजों और विज्ञापनों में विकास की बातें देखते-सु सुनते हैं, लेकिन क्या सच में ये योजनाएं जमीन पर असर दिखा रही हैं? इसी सवाल का जवाब तलाशने और योजनाओं का सीधा लाभ आम जनता तक पहुंचाने के लिए छत्तीसगढ़ में एक बड़ा अभियान शुरू होने जा रहा है। 17 सितंबर से शुरू होने वाले देशव्यापी 'सेवा संकल्प अभियान' को लेकर राज्य स्तर पर तैयारियां तेज हो गई हैं।

नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री तथा उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने हाल ही में एक अहम वर्चुअल बैठक ली। इस बैठक में प्रदेशभर के नगर निगमों के महापौर, आयुक्तों, नगर पालिकाओं के अध्यक्षों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को साफ निर्देश दिए गए हैं कि इस अभियान को महज औपचारिकता न बनाया जाए, बल्कि इसे जनभागीदारी का एक व्यापक और जीवंत स्वरूप दिया जाए।

क्या है 'सेवा संकल्प अभियान'?

यह देशव्यापी अभियान आगामी 17 सितंबर से शुरू होकर 17 अक्टूबर तक चलेगा। इसका मुख्य उद्देश्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्षों के सेवा कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं को हर नागरिक तक पहुंचाना है।

जनता की भागीदारी और सोशल मीडिया का इस्तेमाल

डिप्टी सीएम अरुण साव ने स्पष्ट किया है कि इस अभियान में सिर्फ सरकारी तंत्र काम नहीं करेगा, बल्कि समाज के हर वर्ग—चाहे वह युवा हों, महिलाएं हों, स्वयंसेवी संस्थाएं हों या विद्यार्थीसभी की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।

डिजिटल दस्तावेजीकरण:-

अभियान के दौरान होने वाले हर काम, हर आयोजन की फोटो और वीडियो रिकॉर्डिंग करने के निर्देश दिए गए हैं।

सोशल मीडिया रील्स:-


अधिकारियों से कहा गया है कि वे गतिविधियों की रील्स बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर करें, ताकि युवाओं और आम लोगों तक इसकी पहुंच आसानी से हो सके।

लाभार्थियों की कहानियां:-


'सेवा की कहानी' के तहत उन असली लोगों की प्रेरणादायी कहानियों को सामने लाया जाएगा, जिनके जीवन में इन योजनाओं की वजह से वास्तविक बदलाव आए हैं।

इस एक महीने के दौरान विभिन्न प्रकार की रचनात्मक और जनहित से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।

एक महीने चलने वाली प्रमुख गतिविधियां

1-आशीर्वाद का दीया और आंगन का उत्सव।

2-25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत और नमो सेवा गाथा।

3-नागरिकों को एक ही जगह सभी योजनाओं का लाभ देने के लिए 'सेवा सेतु अभियान'।

4-रंगोली राष्ट्र और राष्ट्रीय इनोवेशन चैलेंज।

5.17 अक्टूबर को ‘जनसेवक महाकुंभ पंचायत से पार्लियामेंट’ के साथ अभियान का भव्य समापन।

स्वच्छता ही सेवा–2026 पर विशेष जोर

बैठक में 'स्वच्छता ही सेवा' अभियान को लेकर भी कड़े निर्देश दिए गए हैं। डिप्टी सीएम ने कहा कि जनप्रतिनिधियों को आगे आकर शहर को साफ-सुथरा बनाने के लिए जन आंदोलन खड़ा करना चाहिए। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सफाई से पहले और सफाई के बाद (Before and After) की तस्वीरें या वीडियो जरूर रिकॉर्ड किए जाएं, ताकि किए गए बदलाव साफ तौर पर नजर आ सकें।

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