Jio Platforms IPO 2026: रिलायंस जियो प्लेटफॉर्म्स का ₹30,213 करोड़ का IPO खुलते ही निवेशकों के बीच चर्चा में आ गया। 21 अक्टूबर को बोली शुरू होने के पहले घंटे में इश्यू को कुल 83% सब्सक्रिप्शन मिला। शुरुआती आंकड़ों में सबसे ज्यादा दिलचस्पी क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) की ओर से देखने को मिली। वहीं, रिटेल निवेशकों और नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स की तरफ से शुरुआती प्रतिक्रिया अपेक्षाकृत धीमी रही। हालांकि, ये आंकड़े पहले दिन सुबह 10 बजे तक के हैं और बोली की अवधि के दौरान इनमें बदलाव हो सकता है।

Jio Platforms IPO में संस्थागत निवेशकों का दबदबा

जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO में बड़े संस्थागत निवेशकों ने शुरुआत से ही मजबूत मांग दिखाई। उपलब्ध शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, इश्यू खुलने के करीब 30 मिनट के भीतर QIB कैटेगरी के लिए आरक्षित हिस्सा पूरी तरह सब्सक्राइब हो गया था। सुबह 10 बजे तक इस श्रेणी में आरक्षित शेयरों के मुकाबले 2.86 गुना बोलियां दर्ज की गईं। इससे शुरुआती चरण में संस्थागत निवेशकों की मजबूत भागीदारी का संकेत मिला।

रिटेल निवेशकों और NII कैटेगरी का क्या रहा हाल?

संस्थागत निवेशकों की तुलना में खुदरा निवेशकों की ओर से शुरुआती मांग कम रही। पहले घंटे के आंकड़ों के अनुसार, रिटेल निवेशकों के लिए आरक्षित हिस्से में 13% सब्सक्रिप्शन दर्ज किया गया। वहीं, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) कैटेगरी में 14% बोलियां मिलीं।

दूसरी ओर, रिलायंस इंडस्ट्रीज के कर्मचारियों के लिए आरक्षित हिस्से में 35% और कंपनी के मौजूदा शेयरधारकों के लिए तय हिस्से में 26% सब्सक्रिप्शन दर्ज हुआ। शुरुआती आंकड़ों के आधार पर निवेशकों की विभिन्न श्रेणियों में मांग का अंतर साफ दिखाई दिया। हालांकि, अंतिम सब्सक्रिप्शन की स्थिति इश्यू बंद होने तक बदल सकती है।

₹30,213 करोड़ का IPO, OFS शामिल नहीं

जियो प्लेटफॉर्म्स के इस IPO का कुल आकार ₹30,213 करोड़ बताया गया है। दिए गए विवरण के मुताबिक, यह पूरी तरह नए शेयर जारी करने वाला इश्यू है और इसमें ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल नहीं है। कंपनी ने प्रति शेयर ₹1,065 से ₹1,119 का प्राइस बैंड तय किया है। इश्यू से जुटाई जाने वाली रकम का एक बड़ा हिस्सा कंपनी के मौजूदा कर्ज को कम करने में इस्तेमाल किए जाने की जानकारी दी गई है।

Jio Platforms IPO का GMP ₹268, लिस्टिंग पर क्या होगा असर?

IPO के शुरुआती सब्सक्रिप्शन के साथ ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) को लेकर भी चर्चा रही। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO का GMP ₹268 बताया गया। ₹1,119 के ऊपरी प्राइस बैंड के मुकाबले यह करीब 24% के संभावित प्रीमियम का संकेत देता है।

हालांकि, ग्रे मार्केट प्रीमियम अनौपचारिक होता है और इसमें तेजी से बदलाव हो सकता है। इसे शेयर की लिस्टिंग कीमत या मुनाफे की गारंटी नहीं माना जाना चाहिए। वास्तविक लिस्टिंग मूल्य बाजार की परिस्थितियों, निवेशकों की मांग और इश्यू से जुड़े अन्य कारकों पर निर्भर करेगा।

निवेशकों की नजर सब्सक्रिप्शन के अगले आंकड़ों पर

जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO में पहले घंटे के दौरान संस्थागत निवेशकों की मजबूत भागीदारी देखने को मिली, जबकि रिटेल और NII कैटेगरी में मांग अपेक्षाकृत कम रही। अब निवेशकों की नजर आगे के सब्सक्रिप्शन आंकड़ों और इश्यू के प्रति विभिन्न श्रेणियों की प्रतिक्रिया पर रहेगी। निवेश का फैसला करते समय केवल शुरुआती सब्सक्रिप्शन या GMP के बजाय कंपनी की वित्तीय स्थिति, कारोबार की संभावनाओं और जोखिमों का भी आकलन करना जरूरी है। 

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