Mahadev Satta App Case
रायपुर : Mahadev Satta App Case : महादेव सट्टा एप से जुड़े बहुचर्चित मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने जांच का जिम्मा संभाल लिया है। इस एप के जरिए बड़े पैमाने पर अवैध सट्टा कारोबार संचालित किए जाने का आरोप है। मामले में जल्द ही प्रभावशाली नेताओं और अधिकारियों पर शिकंजा कसने की संभावना है।
Mahadev Satta App Case : CBI की जांच और संभावित कार्रवाई
- ED और EOW के केस के आधार पर जांच:
प्रवर्तन निदेशालय (ED) और आर्थिक अपराध शाखा (EOW) द्वारा पहले दर्ज मामलों को आधार बनाकर CBI ने गोपनीय जांच शुरू की है। - संभावित छापेमारी:
सूत्रों के अनुसार, आने वाले दिनों में CBI सट्टा एप से जुड़े लोगों के ठिकानों पर छापेमारी कर सकती है। - प्रभावशाली लोगों पर कार्रवाई:
जांच के दायरे में कई बड़े नेता और उच्च अधिकारी आ सकते हैं।
Mahadev Satta App Case
क्या है महादेव सट्टा एप मामला?
- अवैध सट्टा कारोबार:
इस एप के माध्यम से बड़े पैमाने पर ऑनलाइन सट्टा लगाया जाता था। - रुपये की हेरफेर और मनी लॉन्ड्रिंग:
सट्टा कारोबार से जुड़े रुपये की हेरफेर और मनी लॉन्ड्रिंग के कई सबूत सामने आए हैं। - राजनीतिक और प्रशासनिक लिंक:
जांच एजेंसियों को कई प्रभावशाली लोगों के इस कारोबार से जुड़े होने के प्रमाण मिले हैं।
स्थानीय प्रशासन और राज्य सरकार पर सवाल
- इस मामले ने राज्य प्रशासन और नेताओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
- विपक्षी दलों ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
CBI की प्राथमिकता
CBI का फोकस सट्टा एप के पूरे नेटवर्क को उजागर करना और इस अवैध कारोबार में शामिल हर व्यक्ति को न्याय के कटघरे में लाना है।
